Saturday, October 12, 2019

ज्ञान पीठ पुरस्कार क्या है , किस क्षेत्र में दिया जाता है | Gyan Pith Award in hindi -

ज्ञान पीठ पुरस्कार साहित्य के क्षेत्र से सम्बंधित व्यक्तियों को दिया जाने वाला रास्ट्रीय पुरस्कार है . ज्ञान पीठ पुरस्कार भारत के संविधान की 8 वीं अनुसूची में उल्लेखित 22 भाषाओ में से किसी भी भाषा के साहित्यकार द्वारा किये गए उत्कृष्ट योगदान हेतु प्रदान किया जाता है .

ज्ञान पीठ पुरस्कार क्या है , किस क्षेत्र में दिया जाता है | Gyan Pith Award in hindi -

ज्ञान पीठ पुरस्कार क्या है (Gyan Pith Puraskar Kya Hai ) -  

ज्ञानपीठ पुरस्कार भारतीय ज्ञानपीठ न्यास द्वारा भारतीय साहित्य के लिए दिया जाने वाला सर्वोच्च पुरस्कार है. ज्ञान पीठ पुरस्कार के लिए उन व्यक्तियों को चुना जाता है जिन्होंने भारत के संविधान में 8 वीं अनुसूची उल्लेखित 22 भाषाओ में से किसी भी भाषा में सहित्य के ;लिए विशेष योगदान दिया है.

इस पुरस्कार के अंतर्गत विजेता को 11 लाख रूपये नकद , एक स्मृति चिन्ह , एक प्रशस्ति पत्र तथा वागदेवी (सरस्वती) की कांस्य प्रतिमा भेट की जाती है . 1965 में 1 लाख रुपये की पुरस्कार राशि से प्रारंभ हुए इस पुरस्कार को 2005 में 7 लाख रुपए कर दिया गया जो वर्तमान में ग्यारह लाख रुपये हो चुका है. 2005 के लिए चुने गये हिन्दी साहित्यकार कुंवर नारायण पहले व्यक्ति थे जिन्हें 7 लाख रुपए का ज्ञानपीठ पुरस्कार प्राप्त हुआ.

ज्ञान पीठ पुरस्कार की स्थापना कब की गयी (Gyan Pith Puraskar Ki Sthapna Kab Ki Gayi Thi)-

ज्ञान पीठ पुरस्कार की स्थापना सन 1965 ई० में की गयी.

ज्ञान पीठ पुरस्कार से सम्बंधित महत्वपूर्ण प्रश्न -

Q1. ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित प्रथम व्यक्ति कौन थे ?
उत्तर - जी शंकर कुरूप.
Q2. प्रथम ज्ञानपीठ पुरस्कार कब दिया गया था ?
उत्तर - प्रथम ज्ञान पीठ पुरस्कार सन 1965 ई० में दिया गया था.
Q3. प्रथम ज्ञान पीठ पुरस्कार प्राप्त करने वाले जी शंकर कुरूप ने किस भाषा में अपनी कृति लिखी थी ?
उत्तर - मलयालम.
Q4. जी शंकर कुरूप को ज्ञान पीठ पुरस्कार कीस कृति के लिए दिया गया था ?
उत्तर - ओडा कुजाई.
Q5. ज्ञान पीठ पुरस्कार प्राप्त करने वाली प्रथम भारतीय महिला कौन थी ?
उत्तर - श्रीमती आशापूर्णा देवी.
Q6. ज्ञान पीठ पुरस्कार प्राप्त करने वाली प्रथम भारतीय महिला श्रीमती आशापूर्णा देवी को ये पुरस्कार किस कृति के लिए दिया गया था ?
उत्तर - प्रथम प्रतिश्रुति.
Q7. आशापूर्णा देवी ने अपनी कृति किस भाषा में लिखी थी ?
उत्तर - बांग्ला भाषा.
Q8. वर्तमान समय (2019) में ज्ञान पीठ पुरस्कार के तहत कितनी धनरासी दी जाती है ?
उत्तर - 11 लाख रूपये.
Q9. प्रारंभ में ज्ञान पीठ पुरस्कार के अंतर्गत कितनी धनरासी दी जाती थी ?
उत्तर - 1 लाख रूपये .
Q10. ज्ञान पीठ पुरस्कार प्राप्त करने वाले को क्या - क्या भेंट किया जाता है ?
उत्तर - इस पुरस्कार के अंतर्गत विजेता को 11 लाख रूपये नकद , एक स्मृति चिन्ह , एक प्रशस्ति पत्र तथा वागदेवी (सरस्वती) की कांस्य प्रतिमा भेट की जाती है .

ज्ञान पीठ पुरस्कार से सम्बंधित कुछ महत्वपूर्ण तथ्य -

  • 2018 का ज्ञान पीठ पुरस्कार अमिताभ घोष को दिया गया है . ये अंग्रेजी भाषा के प्रशिद्ध साहित्यकार है  , इन्हें इनके उपन्यास द शैडो लाइन्स के लिये उन्हें वर्ष 1989 में साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया. घोष साहित्य अकादमी और पद्मश्री सहित कई पुरस्कारों से सम्मानित हो चुके हैं. 
  • ज्ञान पीठ पुरस्कार साहित्य के क्षेत्र में दिए जाने वाला भारत का सबसे बड़ा रास्ट्रीय पुरस्कार है . यह पुरस्कार भारतीय ज्ञानपीठ न्यास द्वारा दिया जाता है.
  • वह भारतीय नागरिक जो भारतीय संविधान की 8 वीं अनुसूचित में उल्लेखित 22 भाषाओ में से किसी भी  भाषा में लिखता हो इस पुरस्कार को पाने की योग्यता रखता है .
  •  वर्तमान समय में ज्ञान पीठ पुरस्कार के अंतर्गत 11 लाख रूपये की इनाम रासी , प्रशस्ति पत्र और वागदेवी की कांस्य प्रतिमा डी जाती है.
  • इसकी स्थापना के समय इस पुरस्कार को प्राप्त करने वाले को 1 लाख रूपये की धनरासी दी जाती थी जबकि 2005 में इसे बढाकर 7 लाख रूपये कर दिया गया . वर्तमान समय में ज्ञान पीठ पुरस्कार के तहत दी जाने वाली धनरासी को 11 लाख रूपये कर दिया गया है.
  • कुंवर नारायण सिंह पहले साहित्यकार थे जिन्होंने 7 लाख रूपये की धनरासी ज्ञान पीठ पुरस्कार के तहत प्राप्त की थी इन्हें वर्ष 2005 के ज्ञान पीठ पुरस्कार के तहत चुना गया था.
  • हिंदी व कन्नड़  भाषा के लेखक  अभी तक सबसे ज्यादा 7 बार यह पुरस्कार प्राप्त कर चुके है. यह पुरस्कार बांग्ला के लिए पांच बार , मलयालम के लिए 4 बार , उड़िया , उर्दू और गुजराती को 3 - 3 बार , असमिया , मराठी , तेलुगु , पंजाबी और तमिल को दो - दो बार दिया जा चूका है. 

ज्ञान पीठ पुरस्कार से सम्मानित व्यक्तियों की सूचि (Gyan Pith Puraskar Se Sammanit Vyaktiyo Ki Suchi ) / Gyan Pith Award Winner List In Hindi -


 पुरस्कार  वितरण वर्ष  विजेता कृति
 2018 अमिताभ घोष अंग्रेजी साहित्य
 2017 कृष्णा सोबती हिंदी साहित्य
 2016  शंख घोष बांग्ला
 2015 रघुवीर चौधरी गुजराती
 2014 भालचंद्र नेमाडे मराठी
 2013 केदारनाथ सिंह हिंदी साहित्य
 2012 रावुरी भारद्वाज तेलुगु
 2011 प्रतिभा राय ओडिया
 2010 चन्द्रशेखर कम्बार कन्नड़
 2009 अमरकांत व श्रीलाल शुक्ल को संयुक्त रूप से दिया   गया  हिंदी सहित्य
 2008 अखलाख अहमद खान शहरयार उर्दू साहित्य
 2007 ओ एन वी कुरूप मलयालम साहित्य
 2006 रविन्द्र केलकर कोंकणी
 2005 कुवंर नारायण  हिंदी साहित्य
 2004 रहमान राही कश्मीरी
 2003 विंदा करंदीकर मराठी साहित्य
 2002 दण्डपाणी जयकांत तमिल साहित्य
 2001 राजेंद्र केश्वाल शाह गुजराती साहित्य
 2000 इंद्रा गोस्वामी असमिया साहित्य
 1999 गुरदयाल सिंह पूंजाबी साहित्य
 1998 निर्मल वर्मा हिंदी साहित्य
 1997 अली सरदार जाफरी उर्दू साहित्य
 1996 महाश्वेता देवी बांग्ला
 1995 एम् टी वासुदेव नायर मलयालम साहित्य
 1994 यु आर अनंतमूर्ति कन्नड़ साहित्य
 1993 सीताकांत महापात्र ओडिया साहित्य
 1992 नरेश मेहता  हिंदी साहित्य
 1991 सुभाष मुखोपाध्याय बांग्ला साहित्य 
 1990 वी के गोकक कन्नड़
 1989 कुर्तुलएन हैदर उर्दू साहित्य
 1988 सी० नारायण रेड्डी तेलुगु साहित्य
 1987 विष्णु वामन शिरवाडकर कुसुमाग्रज मराठी साहित्य
 1986 सचिदानंद राउत राय उड़िया साहित्य 
 1985 पन्नालाल पटेल मानविनी भवाई (गुजराती)
 1984 तक्षी शिवशंकर पिल्लई कायर (मलयालम )
 1983 मस्ती वेंकटेश अयंगार चिकवीर राजेंद्र (तेलुगु)
 1982 महादेवी वर्मा यामा (हिंदी)
 1981 अमृता प्रीतम कागज से कैनवास (पंजाबी)
 1980 एस. के. पोट्टेक्काट ओरु देसात्तिन्ते कथा (मलयालम)
 1979 बिरेन्द्र कुमार भट्टाचार्य म्रत्युन्जय (असमिया)
 1978 डॉ सचिदानंद हीरानंद वात्स्यायन 'अज्ञेय' कितनी नावो में कितनी बार (हिंदी)
 1977 डॉ के शिवराम कारंथ मुक्जिया कनसुगल (कन्नड़)
 1976 श्रीमती आशापूर्णा देवी प्रथम प्रतिश्रुति (बंगला)
 1975 ए० वी० अकिलन्दम चितपावन
 1974 विष्णु सखा खांडेकर  ययाति (मराठी)
 1973 गोपीनाथ मोहंती एवं डी० आर० बेंद्रे माली मटाल (उड़िया) , चार तार (कन्नड़)
 1972 रामधारी सिंह दिनकर  उर्वशी (हिंदी)
 1971 विष्णु डे  स्मृति सत्ता भविष्यत (बांग्ला)
 1970 विश्वनाथ नारायण  श्रीमद रामायण कल्पवृक्षम (तेलुगु)
 1969  फिराख गोरखपुरी गुल - इ - नगमा (उर्दू)
 1968 सुमित्रानंदन पंत चिदंबरा (हिंदी)
 1967 के वी पुतप्पा श्री रामायण दर्शणम (कन्नड़) , निशीथ (गुजराती)
 1966 ताराशंकर बंधोपाध्याय गणदेवता
 1965 जी शंकर कुरूप  ओटक्कुषल

आशा करते है हमारे द्वरा दी गयी " ज्ञान पीठ पुरस्कार क्या है , किस क्षेत्र में दिया जाता है | Gyan Pith Award in hindi " की जानकारी आपको  अच्छी लगी होगी . इस   विषय से जुड़ा कोई भी प्रश्न पूछने के लिए कमेंट करे . और इस पोस्ट को हो सके तो शेयर जरूर करे .

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